वाराणसी : कैण्ट स्टेशन के पास निर्माणाधीन फ्लाईओवर गिरा, हादसे में 20 की मौत, पीएम व सीएम ने व्यक्त किया दुख

0
343

रिपोर्ट : लक्ष्मीकांत दीक्षित

वाराणसी : पीएम नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र में कैण्ट स्टेशन के पास मंगलवार शाम को निर्माणाधीन फ्लाईओवर की दो बीम गिरने से 20 लोगों की मौत हो गई है। बीम गिरने के कारण बस सहित छह गाडिय़ां फंसी हैं। छह क्रेन बीम को उठाने में लगी हैं। घटनास्थल पर नेशनल डिजास्टर रिस्पांस फोर्स की सात टीमें राहत व बचाव कार्य में लगी हैं। टीमों में कुल मिलाकर 325 आदमी काम कर रहे हैं। सरकार इस हादसे में मृतक के परिवारीजन को पांच-पांच लाख तथा गंभीर रूप से घायलों को दो-दो लाख रुपए की सहायता राशि प्रदान करेगी।

बिना रोड डायवर्जन किए ही रखे जा रहे बीम के चलते हुआ यह हादसा

कैंट रेलवे स्टेशन के पास सेतु निर्माण निगम की गाजीपुर निर्माण इकाई के चौकाघाट-लहरतारा फ्लाईओवर की दो बीम आज शाम अचानक गिर गया। बीम के नीचे एक रोडवेज बस, एक बोलेरो, दो कार, एक आटोरिक्शा और चार बाइक दब गई। इस हादसे में 60 से अधिक लोग बीम के नीचे दब गए। 20 शव निकाले जा चुके हैं और तीन घायलों को अस्पताल पहुंचाया जा चुका है। अभी कई और लोगों के फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। हादसे का कारण सेतु निर्माण निगम लापरवाही से किए कार्य को बताया जा रहा है। एनडीआरएफ, सेना, पुलिस, पीएसी और स्थानीय लोग राहत और बचाव कार्य में जुटे हुए हैं। बिना रोड डायवर्जन किए ही रखे जा रहे बीम के चलते यह हादसा हुआ, जिससे पूरे इलाके में आक्रोश व्याप्त है।

शाम होने की वजह से मौके पर काफी जाम की स्थिति थी। लिहाजा फ्लाईओवर गिरने के दौरान बचाव और भागने की गुंजाइश भी नहीं थी। जो जहां था वहीं इसकी चपेट में आ गया। भीड़ की स्थिति देखते हुए अंदेशा जताया जा रहा है कि हादसे में मरने वालों की संख्या और भी हो सकती है। प्रशासनिक अधिकारी मौके पर मौजूद होकर हादसे में घायलों को अस्पताल पहुंचाने की कोशिश करते रहे। देर रात तक मौके से राहत और बचाव कर्मियों ने 25 शव निकाले।

हादसे पर सीएम योगी, पीएम मोदी व राष्ट्रपति ने जताया दुखः

उत्तर प्रदेश के वाराणसी में कैंट रेलवे स्टेशन के सामने मंगलवार शाम को एक निर्माणाधीन फ्लाईओवर का एक हिस्सा गिरने से हुई घटना के मामले में पीएम नरेन्द्र मोदी, राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद व उत्तर-प्रदेश के सीएम योग आदित्यनाथ ने दुख जताया है। योगी आदित्यनाथ ने मृतकों के परिजनों को 5 लाख रुपए मुआवजे का ऐलान करने के साथ-साथ जांच के लिए उच्चस्तरीय कमेटी बनाने को कहा है। कमेटी को 48 घंटे में रिपोर्ट सौंपनी होगी।

पीएम नरेंद्र मोदी ने हादसे के बाद ट्वीट कर गहरा दुख जताते हुए कहा कि- ”वाराणसी में एक निर्माणाधीन फ्लाईओवर के गिरने के कारण जीवन की हानि से बेहद दुख हुआ। मैं प्रार्थना करता हूं कि घायल जल्द ही ठीक हो जाएं। अधिकारियों को प्रभावित लोगों को सभी संभव सहायता सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है।

मैंने उप्र के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी से हादसे की स्थिति के बारे में बात की। यूपी सरकार स्थिति की निगरानी कर रही है और प्रभावित लोगों की सहायता के लिए जमीन पर काम कर रही है।

राष्ट्रपति भवन की ओर से हादसे के बाद ट्वीट कर शोक संवेदना जारी की गई – वाराणसी में फ्लाईओवर निर्माण के स्थल पर हुई दुर्घटना के बारे में जानकर आघात पहुंचा है। प्रशासन द्वारा बचाव कार्य और घायलों की सहायता के सभी प्रयास किये जा रहे है। शोकाकुल परिवारों के प्रति मेरी शोकसंवेदनाएं।

 

सभी अस्पतालों को प्रशासन ने किया अलर्ट

हादसे को देखते हुए सभी अस्पतालों को प्रशासन ने अलर्ट कर दिया। दीनदयाल अस्पताल व मंडलीय चिकित्सालय में छह डाक्टरों की टीम के साथ दस स्टाफ नर्स समेत मेडिकल स्टाफ तैनात करने के साथ 15 बेड रिजर्व कर दिए गए। वहीं बीएचयू ट्रामा सेंटर में इमरजेंसी वार्ड भी तुरंत बनाया गया। सूचना देकर जिले में तैनात सभी एंबुलेंस तत्काल मौके पर बुला ली गईं। इसकी कमान खुद सीएमओ ने संभाली लेकिन हादसे के दो घंटे बाद भी किसी भी फंसे व्यक्ति को नहीं निकाले जा सकने से डाक्टर लाचार स्थिति में रहे।

राहत व बचाव कार्य के साथ ही ट्रैफिक नियंत्रण पर रखा जा रहा है खास ध्यान

डीजीपी ओपी सिंह ने बताया कि मौके पर पुलिस की टीमें भेजी गई है। राहत व बचाव कार्य के साथ ही ट्रैफिक नियंत्रण पर भी खास ध्यान रखा जा रहा है। उन्होंने कहा कि अभी कुछ लोगों के दबने की बात सामने आई है, लेकिन अभी हम संख्या नहीं बता सकते हैं। हमारी कोशिश है कि सभी घायलों को वहां से जल्द से जल्द निकाला जाए। उन्होंने कहा कि स्थानीय पुलिस मौके पर तत्काल पहुंच गई थी। बात जरूर है कि राहत बचाव कार्य के लिए पुलिस के पास चूंकि कोई साधन नहीं था, लिहाजा कार्य थोड़ी देर में शुरू हुआ। डीजीपी ने कहा कि एनडीआरएफ एक प्रोफेशनल टीम है, वह अपना काम कर रही है।

डीएम रामेश्वर मिश्रा ने कहा रेस्क्यू वर्क चल रहा है। एनडीआरएफ के साथ ही जिला प्रशासन व पूरा अहम इसमें लगा हुआ है। उन्होंने कहा कि मेडिकल टीमें मौके पर लगी हुई है। उन्होंने कहा कि अभी राहत बचाव कार्य चल रहा है। कार्य पूरा होने के बाद जांच की जाएगी कि ये हादसा कैसे हुआ।

हालांकि नीचे दर्जनों लोगों के फंसे होने की सूचना के बाद उनको बचाने की कोशिश की जा रही है मगर कई के मरने का अंदेशा भी स्थानीय लोगों की ओर से जतायी गई है। भीड़ भरा इलाका होने की वजह से प्रशासन भी लोगों को बचाने के लिए मौके पर पहुंच रहा है साथ ही आपदा राहत बल को भी सूचना दे दी गई है।

राहत व बचाव में आगे डटे रहे स्थानीय लोग

फ्लाईओवर के नीचे दर्जनों लोगों के फंसे होने की सूचना के बाद उनको बचाने की कोशिश शाम से ही की जा रही है। भीड़ भरा इलाका होने की वजह से प्रशासन भी लोगों को बचाने के लिए मौके पर पहुंच रहा है साथ ही आपदा राहत बल भी मौके पर पहुंच कर फंसे लोगों को देर रात तक बचाने की कोशिश में लगा रहा। हालांकि स्थानीय लोगों के सहयोग से फंसे लोगों को निकालने का क्रम भी इस दौरान बना रहा।

हादसे की वजह से यातायात बाधित, लग गया कई किलोमीटर लंबा जाम

हादसे की वजह से यातायात भी दोनों तरफ बाधित हो गया तो काफी लंबी दूरी तक जाम की स्थिति भी बन गई। लोगों को बचाने के साथ पुलिस यातायात को सुचारु रूप से संचालित करने में व्यस्त हो गई। फ्लाईओवर का चौकाघाट स्थित बस स्टैंड से लेकर लहरतारा तक विस्तार किया जा रहा था लिहाजा हादसे के बाद कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.